बवासीर (Piles) होगा जड़ से ख़त्म | Pile’s Causes,Symptoms and Treatment

 

बवासीर (Piles) को मेडिकल की भाषा में हेम्रोइड्स (Hemorrhoid) के नाम से जाना जाता है | यह एक ऐसी स्थिति है जिसमें गुदा (Anus) के अंदरूनी और बाहरी क्षेत्र और मलाशय (rectum) के निचले हिस्से की शिराओं में सुजन आ जाती है |

इस वजह से गुदा के अन्दर और बाहर मस्से जैसी स्थिति बन जाती है जो कभी अन्दर रहते हैं और कभी बाहर आ जाते हैं |

बवासीर की बीमारी करीब 70 फिसदी लोगों में हो जाती है सामान्य तया ये 45 से 65 तक की उम्र में होता है | बवासीर दो प्रकार का होता है एक बाह्य बवासीर (External Hemorrhoids)और आतंरिक बवासीर(Internal hemorrhoid)|

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बाह्य बवासीर (External Hemorrhoids)

इस स्थिति में पेशेंट के गुदा के आस पास मस्से हो जाते हैं, जिनमे दर्द तो नहीं होता है लेकिन जलन और खुजली होती है | ज्यादा खुजाने के कारण इन मस्सों से खून भी निकलने लग जाता है |

आतंरिक बवासीर (Internal hemorrhoid)

आतंरिक बवासीर में गुदा के अन्दर मस्से हो जाते हैं यह स्थिति बहुत पीड़ा दायक होती है क्यूंकि इस स्थिति में व्यक्ति सही से मल त्याग नहीं कर पाता है और उसे उसे बहुत दर्द, जलन और चुभन का एहसास होता है मल त्यागते समय लगने वाले दाब के कारण व्यक्ति को खून भी आने लगता है |

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बवासीर (Piles) के सामान्य लक्षण

  • बवासीर की बीमारी होने के कारण गुदा के आस-पास मस्से या गाँठ होना |
  • मल त्यागते समय ब्लड आना |
  • गुदा के आस-पास खुजली होना |
  • मस्सों में से लगातार खून निकलना |
  • बार बार मल त्यागने की इक्छा होना लेकिन मल नहीं निकलना |

बवासीर (Piles) होने के कुछ कारण

  • बवासीर की बीमारी होने का एक कारण है लम्बे समय तक कठोर कब्ज रहना |
  • सुबह शाम सौच न जाना या जाने पर पेट ठीक से साफ़ नहीं होना |
  • बवासीर का एक और कारण इसका जेनेटिक होना भी है |
  • खाने – पिने में अनियमितता, ज्यादा मिर्च मसाला खाना |
  • शारीरिक व्यायाम या परिश्रम न करना |

बवासीर (Piles) का होमियोपैथी उपचार 

अगर आप बवासीर की बीमारी से परेशान है तो आज हम आपको होमियोपैथी इलाज बताएँगे जो बहुत महंगा भी नहीं है और बहुत फायदेमंद भी है और ये आपकी बवासीर की बीमारी को भी ख़त्म कर देगा |

पाईलेन ड्राप -30 ml  (मेडिसिन कंपनी ) – अगर आपको बवासीर है तो होमियोपैथी की ये दवा बहुत ही कारगर है यह दवा मेडिसिन कंपनी की लीजिए इसे दिन में तीन बार सीधा जीभ पर 10-10 बूंद लीजिए |

एसिड नाईट्री -30 – इस दावा की 2-2 ड्राप सुबह शाम लीजिए अगर आपको मल त्यागने पर चुभन और जलन का एहसास होता है तो आप इस दवा का इस्तेमाल करें |

कैल्केरिया फ्लोरिका 6x -अगर आपको बाह्य बवासीर (external piles) है तो  इस दवा का इस्तेमाल आप दिन में 3 बार चार-चार गोली आधे कप गुनगुने पानी के साथ लें | बाह्य पाइल्स में सुजन और जलन ज्यादा होती है और यह दवा सुजन और जलन में बहुत आराम पहुंचाती है |

हेमामलिस Q – अगर आपको बहुत ज्यादा खून निकल रहा है  या फिर खून निकलता रहता है तो आप हेमामलिस Q दवा का इस्तेमाल कीजिये इससे आपकी ब्लीडिंग रुक जाएगी | इस दवा का इस्तेमाल आप  दिन में 3 बार आधे कप गुनगुने पानी से लें |

एस्कुलस -30 – अगर आपको दर्द भी है और इसके साथ सुजन और खून भी निकल रहा है तो आप एस्कुलस 30 दवा को दिन में सुबह शाम 2-2 बूंद गुनगुने पानी के साथ इस्तेमाल करें |

ये होमियोपैथी दवा किसी भी होमियोपैथी मेडिकल स्टोर में उपलब्ध है और इनका कोई साइड इफ़ेक्ट नहीं है लेकिन फिर भी आप ये दवा अपने होमियोपैथी चिकित्सक की परामर्श से ही लें |

Written By :- Dr. Mohammad Mustafa

WhatsApp :- 9887966975

 

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